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गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के शà¥à¤°à¥à¤†à¤¤à¥€ चरण में मॉरà¥à¤¨à¤¿à¤‚ग सिकनेस, जी-मिचलाना व उलà¥à¤Ÿà¥€ आना समसà¥à¤¯à¤¾ है। दूसरी तिमाही के आते-आते ये समसà¥à¤¯à¤¾à¤à¤‚ कà¥à¤› कम हो जाती हैं, लेकिन कमर या पीठदरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ à¤à¤¸à¥€ है, जिससे गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को डिलीवरी तक जूà¤à¤¨à¤¾ पड़ता है। इससे राहत पाने के लिठमहिला न जाने कितने उपाय करती है, जिसमें से कà¥à¤› कारगर साबित होते हैं तो कà¥à¤› नहीं होते। कà¤à¥€-कà¤à¥€ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पीठदरà¥à¤¦ इतना बढ़ जाता है कि गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ से सहन नहीं किया जाता। यह समसà¥à¤¯à¤¾ अधिकतर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला के साथ होती ही है। इसके चलते गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को उठने-बैठने, लेटने व सोने में परेशानी होती है। इसलिà¤, मॉमजंकà¥à¤¶à¤¨ के इस लेख में हम गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान होने वाले कमर दरà¥à¤¦ के बारे में बात करेंगे। जानेंगे कि किन कारणों से गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान पीठदरà¥à¤¦ होता है और इसका इलाज कà¥à¤¯à¤¾ है।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर दरà¥à¤¦ होना सामानà¥à¤¯ है या नहीं? | Pregnancy Me Kamar Dard
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर दरà¥à¤¦ होना बिलà¥à¤•à¥à¤² सामानà¥à¤¯ है। आधी से जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं को किसी न किसी तरह का कमर दरà¥à¤¦ रहता ही है, लेकिन इससे घबराने की जरूरत नहीं है। इससे राहत पाने के लिठबहà¥à¤¤ से उपाय अपनाठजा सकते हैं। सही समय पर सही इलाज किया जाà¤, तो गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान होने वाले पीठदरà¥à¤¦ से राहत पाई जा सकती है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पीठदरà¥à¤¦ के दो मà¥à¤–à¥à¤¯ पà¥à¤°à¤•ार होते हैं :
सचà¥à¤šà¤¾ पीठदरà¥à¤¦ (True back pain) : यह दरà¥à¤¦ असà¥à¤¥à¤¿à¤¬à¤‚ध (यह रेशेदार संयोजी ऊतकों से बना होता है, जो हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ को जोड़ता है, इसे अंगà¥à¤°à¥‡à¤œà¤¼à¥€ में लिगामेंट कहते हैं), डिसà¥à¤•, मांसपेशियों या जोड़ों पर दबाव पड़ने से होता है। यह दरà¥à¤¦ तब à¤à¥€ ही सकता है, जब महिला को गरà¥à¤à¤§à¤¾à¤°à¤£ करने से पहले à¤à¥€ पीठमें दरà¥à¤¦ रहता हो।
शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ करधनी दरà¥à¤¦ (Pelvic girdle pain) : यह दरà¥à¤¦ शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ असà¥à¤¥à¤¿ (शरीर का वह हिसà¥à¤¸à¤¾, जहां कूलà¥à¤¹à¥‡ की दो हडà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¤¾à¤‚ सà¥à¤¥à¤¿à¤¤ होती हैं) से शà¥à¤°à¥‚ होकर पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ तक जा सकता है (1)।
पीठदरà¥à¤¦ के पà¥à¤°à¤®à¥à¤– कारकों को जानने के बाद अब समय है यह पता करने का कि आखिर कमर दरà¥à¤¦ होता कà¥à¤¯à¥‹à¤‚ है।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में किस कारण से पीठदरà¥à¤¦ होता है? | Pregnancy Me Kamar Dard Hona Ke Karan
हर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को अलग-अलग कारणों से पीठदरà¥à¤¦ से जूà¤à¤¤à¥‡ पाया जाता है। जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° बढ़ता वजन गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला के लिठपीठदरà¥à¤¦ का कारण बनता है। इसके अलावा, पहले से ही पीठके निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ होना, जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ काम करना व शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ में चोट लगना आदि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कमर दरà¥à¤¦ के कारण हो सकते हैं। नीचे हम गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में होने वाले पीठदरà¥à¤¦ के कारणों के बारे में विसà¥à¤¤à¤¾à¤° से बता रहे हैं :
वजन बढ़ना : पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी के दौरान पीठऔर कमर दरà¥à¤¦ का सबसे आम कारण वजन बढ़ना होता है। आमतौर पर गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में 11.5 से 16 किलो के बीच वजन बढ़ता है, जिस कारण कमर दरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ होती है (2)। बढ़े हà¥à¤ वजन को रीढ़ की हडà¥à¤¡à¥€ ही सपोरà¥à¤Ÿ करती है, जिस कारण गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को पीठदरà¥à¤¦ होने लगता है।
हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ में परिवरà¥à¤¤à¤¨ : पीठदरà¥à¤¦ होने का à¤à¤• कारण हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ में परिवरà¥à¤¤à¤¨ होना à¤à¥€ है। इस दौरान, शरीर में रिलैकà¥à¤¸à¤¿à¤¨ (Relaxin) नाम का हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ बनता है, जो बचà¥à¤šà¥‡ के जनà¥à¤® के लिठशà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ à¤à¤¾à¤— को ढीला करता है। इस हारà¥à¤®à¥‹à¤¨ के कारण गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को पीठमें दरà¥à¤¦ हो सकता है (3)।
मांसपेशियां अलग होना : गरà¥à¤à¤¾à¤¶à¤¯ बढ़ने के कारण मांसपेशियां अलग होने लगती हैं, जिससे पीठदरà¥à¤¦ और तेज होने लगता है।
तनाव के कारण : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में अधिकतर महिलाà¤à¤‚ किसी न किसी बात को लेकर तनाव में आ ही जाती हैं। कà¤à¥€ डिलीवरी को लेकर डर, तो कà¤à¥€ होने वाले बचà¥à¤šà¥‡ की सेहत को लेकर। इस कारण à¤à¥€ गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ को पीठमें दरà¥à¤¦ हो सकता है। à¤à¤¸à¥‡ में पीठमें à¤à¤‚ठन होना आम बात है। (4)
सही मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ में न रहना : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान आप कैसे बैठरही हैं और कैसे लेट रही हैं, इसका असर à¤à¥€ पीठपड़ता है। गलत मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ में रहने के कारण à¤à¥€ पीठदरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ होने लगती है।
आइà¤, अब आगे जानते हैं कि इस दरà¥à¤¦ से छà¥à¤Ÿà¤•ारा कैसे पाया जा सक
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पीठदरà¥à¤¦ का इलाज | Pregnancy Me Kamar Dard Ka Ilaj
बेशक, यह à¤à¤¸à¥€ समसà¥à¤¯à¤¾ है, जिससे हर दूसरी गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला परेशान रहती है और इससे राहत पाने का उपाय वो जानना चाहती हैं। नीचे हम पीठदरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठकà¥à¤› उपाय बता रहे हैं, जो आपके लिठफायदेमंद हो सकते हैं :
वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पीठऔर कमर दरà¥à¤¦ कम करने के लिठवà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® बहà¥à¤¤ कारगर साबित होता है। शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ मांसपेशियों और पेट के लिठकिठजाने वाले वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤®, इस दरà¥à¤¦ से राहत दिलाते हैं। आप डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह से सà¥à¤Ÿà¥à¤°à¥‡à¤šà¤¿à¤‚ग जैसे वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® कर सकती हैं। इससे आपको पीठदरà¥à¤¦ से राहत मिलेगी।
मालिश : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में पीठदरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठआप मालिश का सहारा ले सकती हैं। मालिश से आपको दरà¥à¤¦ हो रही मांसपेशियों में आराम मिलता है। आप पीठकी मालिश कराने के लिठघर के किसी सदसà¥à¤¯ की मदद ले सकती हैं या चाहें तो पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤¿à¤¤ थैरेपिसà¥à¤Ÿ के पास à¤à¥€ जा सकती हैं (5)
सही मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ में रहें : आप कैसे बैठती हैं या फिर कैसे लेटती हैं, इन सà¤à¥€ मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾à¤“ं का असर आपकी पीठपर होता है। इसलिà¤, हमेशा सही मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ में रहें। अगर आप बैठरही हैं, तो आरामदायक तकिये को पीठके पीछे लगाकर बैठें। वहीं, लेटते समय बाईं ओर करवट लेकर लेटें (6)। आप चाहें तो लेटते समय दोनों पैरों के बीच तकिया लगा सकती हैं।
मेटरनिटी बेलà¥à¤Ÿ : आपको बाजार में आसानी से गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान पेट पर बांधने वाली बेलà¥à¤Ÿ मिल जाà¤à¤—ी। आप इस बेलà¥à¤Ÿ का इसà¥à¤¤à¥‡à¤®à¤¾à¤² पीठदरà¥à¤¦ में राहत पाने के लिठकर सकती हैं। यह बेलà¥à¤Ÿ बढ़े हà¥à¤ पेट का à¤à¤¾à¤° संà¤à¤¾à¤² लेती है, जिससे आपको पीठदरà¥à¤¦ से राहत मिल सकती है
आरामदायक जूते व चपà¥à¤ªà¤² पहनें : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान आपको आरामदायक चपà¥à¤ªà¤² या फिर जूते पहनने चाहिà¤à¥¤ ऊंची हील पहनने से आपका पॉशà¥à¤šà¤° बिगड़ सकता है, जिस कारण पीठदरà¥à¤¦ हो सकता है।
à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पंकà¥à¤šà¤° : आप किसी पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤• से à¤à¤•à¥à¤¯à¥‚पंकà¥à¤šà¤° थैरेपी करा सकती हैं। इससे आपको कमर दरà¥à¤¦ से राहत मिलेगी (8)।
à¤à¤¾à¤°à¥€ सामान न उठाà¤à¤‚ : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में à¤à¤¾à¤°à¥€ सामान उठाने से बचना चाहिà¤à¥¤ इससे आपकी पीठपर बà¥à¤°à¤¾ असर पड़ता है और दरà¥à¤¦ बढ़ सकता है।
पीठके बल न à¤à¥à¤•ें : कोशिश करें कि पीठके बल न à¤à¥à¤•ें। अगर आपको à¤à¥à¤•कर कोई सामान उठाना à¤à¥€ पड़े, तो पहले घà¥à¤Ÿà¤¨à¥‡ के बल à¤à¥à¤•ें और फिर सामान उठाà¤à¤‚। इस दौरान अपनी पीठपर दबाव न पड़ने दें।
सहारा लेकर बैठें : अगर आप कà¥à¤°à¥à¤¸à¥€ पर बैठती हैं, तो कमर के पीछे आरामदायक तकिया लगाकर बैठें। इससे आपकी कमर को आराम मिलेगा।
जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ देर तक खड़ी न रहें : अगर आप कामकाजी महिला हैं और आपका काम जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ देर तक खड़े रहने का है, तो कोशिश करें कि अपने पैरों की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ बदलते रहें। आप à¤à¤• ही पैर पर वजन न पड़ने दें। इसके अलावा, कोशिश करें कि आप बीच-बीच में बैठती रहें।
तंग कपड़े न पहनें : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में हमेशा ढीले-ढाले कपड़े ही पहनें। तंग कपड़े पहने से आपकी पीठमें दरà¥à¤¦ बढ़ सकता है।
उठने का तरीका : अगर आप लेटी हैं और उठना चाहती हैं, तो à¤à¤Ÿà¤•े से न उठें। पहले à¤à¤• तरफ करवट लें, फिर धीरे-धीरे बैठने की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में आà¤à¤‚ और आराम से खड़ी हो जाà¤à¤‚।
हमारे लिठयह जानना à¤à¥€ जरूरी है कि पीठदरà¥à¤¦ होने पर गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को किस तरह के वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करने चाहिà¤à¥¤
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान कमर दरà¥à¤¦ के लिठवà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤®
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कमर दरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठवà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® काफी कारगर साबित होता है। आपको सही मà¥à¤¦à¥à¤°à¤¾ अपनाकर पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤• की निगरानी में रहकर वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करना चाहिà¤à¥¤ नीचे हम कà¥à¤› वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® बता रहे हैं, जिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ आप पीठदरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठकर सकती हैं (9):
कारà¥à¤¡à¤¿à¤¯à¥‹à¤µà¤¸à¥à¤•à¥à¤²à¤° à¤à¤•à¥à¤¸à¤°à¤¸à¤¾à¤‡à¤œ : थोड़ी देर के लिठसैर करना फायदेमंद साबित हो सकता है। अगर आप सà¥à¤µà¤¿à¤®à¤¿à¤‚ग जानती हैं, तो इसे à¤à¥€ कर सकी हैं। इन शारीरिक गतिविधियों के करने से पीठदरà¥à¤¦ में राहत मिल सकती हैं (10)। आप ये वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® 20 से 25 मिनट के लिठसपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ में तीन बार कर सकती हैं।
शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ तल : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कमर दरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठशà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ तल के वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® à¤à¥€ मदद कर सकती हैं। इसके लिठआपको पहले पीठके बल जमीन पर लेट जाना है। अब घà¥à¤Ÿà¤¨à¥‹à¤‚ को मोड़ लें और तलवों को जमीन पर लगाà¤à¤‚। इसके बाद कमर को थोड़ा ऊपर उठाने की कोशिश करें। जितना आराम से हो सके, कमर को ऊपर उठाà¤à¤‚ और फिर से पहली वाली सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ में लौट आà¤à¤‚। इस वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® से आपको कमर के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में दरà¥à¤¦ से राहत मिल सकती है।
किगल वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कमर दरà¥à¤¦ से राहत पाने के लिठकिगल वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® à¤à¥€ कर सकते हैं। इसके लिठपहले आप फरà¥à¤¶ पर बैठजाà¤à¤‚ या लेट जाà¤à¤‚। अब अपने शà¥à¤°à¥‹à¤£à¤¿ तल में अंदर की ओर खिंचाव लाà¤à¤‚, लेकिन धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रहे कि किगल वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करते समय आपके जांघों, पेट या कूलà¥à¤¹à¥‹à¤‚ पर किसी तरह की परेशानी महसूस न हो (11) (12)।
दीवार पर सà¥à¤•à¥à¤µà¤¾à¤Ÿ : गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में दीवार का सहारा लेकर सà¥à¤•à¥à¤µà¤¾à¤Ÿ करने से कमर दरà¥à¤¦ में राहत मिल सकती है। इसके लिठआपको दीवार पर कमर लगाकर à¤à¤•दम सीध खड़े होना है और पैरों के बीच à¤à¤• से दो फà¥à¤Ÿ का अंतर रखें। अब कमर से दीवार को धकेलते हà¥à¤ घà¥à¤Ÿà¤¨à¥‹à¤‚ के बल 90 डिगà¥à¤°à¥€ की अवसà¥à¤¥à¤¾ में आà¤à¤‚। कà¥à¤› सेकंड बाद अपनी अवसà¥à¤¥à¤¾ में फिर से लौट आà¤à¤‚। इस वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® से आपको कमर दरà¥à¤¦ से राहत मिल सकती है।
बिलà¥à¤²à¥€ और ऊंट वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® : यह वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करने से à¤à¥€ गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान होने वाले कमर दरà¥à¤¦ से राहत मिल सकती है। इसके लिठआपको नीचे à¤à¥à¤•ना है और चार पैर जैसे जानवर की अवसà¥à¤¥à¤¾ में आना है। अब सिर ऊपर उठाते हà¥à¤ छत को देखने की कोशिश करें और साथ ही कमर को नीचे की तरह à¤à¥à¤•ाते हà¥à¤ धनà¥à¤· का आकार बनाने की कोशिश करें। इसके बाद सिर को नीचे à¤à¥à¤•ाते हà¥à¤ नाà¤à¥€ को देखने की कोशिश करें और पीठको ऊपर की तरफ उठाà¤à¤‚। 10-15 सेकंड इसी अवसà¥à¤¥à¤¾ में रहने की कोशिश करें और फिर सामानà¥à¤¯ अवसà¥à¤¥à¤¾ में लौट आà¤à¤‚।
नोट : धà¥à¤¯à¤¾à¤¨ रहे कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ à¤à¤• नाजà¥à¤• दौर है और हर महिला की शारीरिक सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ अलग होती है। इसलिà¤, कोई à¤à¥€ वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करने से पहले à¤à¤• बार अपने डॉकà¥à¤Ÿà¤° की सलाह जरूर लें और पà¥à¤°à¤¶à¤¿à¤•à¥à¤·à¤• की निगरानी में रहकर ही वà¥à¤¯à¤¾à¤¯à¤¾à¤® करें।
पà¥à¤°à¥‡à¤—नेंसी में कमर दरà¥à¤¦ होने पर डॉकà¥à¤Ÿà¤° से कब संपरà¥à¤• करें?
जरूरी नहीं कि गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में होने वाला कमर दरà¥à¤¦ सामानà¥à¤¯ ही हो। कà¤à¥€-कà¤à¥€ यह आने वाली परेशानी का संकेत à¤à¥€ हो सकता है। इसलिà¤, कमद दरà¥à¤¦ को गंà¤à¥€à¤°à¤¤à¤¾ से लें और इन लकà¥à¤·à¤£à¥‹à¤‚ को पहचानें। नीचे बताई गई सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ में आपको तà¥à¤°à¤‚त डॉकà¥à¤Ÿà¤° से संपरà¥à¤• करना चाहिठ:
अगर यह दरà¥à¤¦ गंà¤à¥€à¤° और असहनीय हो।
अगर यह दरà¥à¤¦ अचानक से शà¥à¤°à¥‚ हà¥à¤† हो और लगातार बढ़ रहा हो।
अगर आपको पेशाब करने में चà¥à¤à¤¨ या किसी अनà¥à¤¯ तरह की तकलीफ हो रही हो।
अगर दरà¥à¤¦ कमर से होता हà¥à¤† जांघों की तरफ जाठऔर पेट के निचले हिसà¥à¤¸à¥‡ में à¤à¥€ दरà¥à¤¦ हो, तो यह लेबर पैन का à¤à¥€ संकेत हो सकता है।
लगातार और तेज दरà¥à¤¦ होना समय से पहले पà¥à¤°à¤¸à¤µ का संकेत à¤à¥€ हो सकता है। à¤à¤¸à¤¾ तब हो सकता है जब मां या बचà¥à¤šà¥‡ को गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ के दौरान कोई मेडिकल परेशानियां जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾ हो रही हो।
गरà¥à¤à¤¾à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ में कमर दरà¥à¤¦ होना सामानà¥à¤¯ है, इसलिठहम उमà¥à¤®à¥€à¤¦ करते हैं कि यह लेख आपके काम आà¤à¤—ा और इसमें दिठगठटिपà¥à¤¸ पीठदरà¥à¤¦ से राहत दिलाने में मदद करेंगे। वहीं, अगर दरà¥à¤¦ अधिक हो और गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिला को परेशानी महसूस हो, तो बिना देरी किठडॉकà¥à¤Ÿà¤° से संपरà¥à¤• करना चाहिà¤à¥¤ इसके अलावा, यह लेख आप उन सà¤à¥€ परिचित गरà¥à¤à¤µà¤¤à¥€ महिलाओं के साथ जरूर शेयर करें, जिनà¥à¤¹à¥‡à¤‚ कमर दरà¥à¤¦ की समसà¥à¤¯à¤¾ रहती है।
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